बलिया :ट्रेनों से हो रही असलहों की तस्करी!

 

ट्रेनों के जरिये बलिया से  बिहार पहुंचे रहे अवैध असलहों के खेप के छपरा में पकड़े जाने के बाद सुरक्षा एजेंसियों में खलबली मची हुई है। भारी मात्रा में अर्द्धनिर्मित पिस्टलों की बरामदगी से ट्रेनों की सुरक्षा पर भी सवालों के घेरें में है।दरअसल चार दिनों पहले सोमवार को डाउन पवन एक्सप्रेस  से जीआरपी छपरा ने 33 पिस्टल बरामद किये।हथियार ट्रेन की जनरल बोगी में एक बैग में रखे हुए थे।

मुखबिर की सूचना पर छपरा जीआरपी ने जिले की सीमा से सटे गौतम स्थान रेलवे स्टेशन से हथियारों का यह जखीरा पकड़ लिया। हालांकि रेल पुलिस के हाथ किसी आरोपित के नहीं लगने के चलते इस मामले के उपर से पर्दा नहीं उठ सका। छपरा रेल पुलिस ने इस मामले से स्थानीय आरपीएफ व जीआरपी को भी अवगत कराया तो हड़कम्प मच गया। चूंकि ट्रेन वाराणसी की ओर से चलकर छपरा की ओर जा रही थी, लिहाजा हथियार के साथ मौजूद तस्कर प्रदेश के कई जनपदों के साथ ही स्थानीय स्टेशन को आसानी से पार कर गये। सूत्रों की मानें तो अगर ट्रेन की जांच-पड़ताल की गयी होती तो शायद हथियार गौतम स्थान पहुंचने से पहले ही बरामद हो जाते। जिम्मेदार लोग भी इस मामले में हुई चूक की बात स्वीकार कर रहे हैं। इस घटना के बाद छपरा जीआरपी स्थानीय आरपीएफ व जीआरपी के सम्पर्क में है तथा सभी मिलकर इस धंधे में शामिल लोगों तक पहुंचने के प्रयास में जुट गये हैं।इस लापरवाही  के बाद बलिया पुलिस की चुनाव मे सघन तलाशी अभियान की पोल खोलकर रख दिया .

कुछ माह पहले ट्रेन से मिले थे 11 पिस्टल

ट्रेन से हथियारों का जखीरा मिलने की यह कोई पहली घटना नहीं है। जानकारों का कहना है कि जीआरपी छपरा की टीम इससे पहले 26 जुलाई 2016 को गोरखपुर से चलकर कोलकाता को जाने वाली डाउन पूर्वांचल एक्सप्रेस से 11 पिस्टल बरामद कर चुकी है। खास बात यह है कि इस घटना में भी कोई आरोपित पुलिस के हाथ नहीं लग सका था लिहाजा कोई ठोस जानकारी नहीं मिल सकी थी। कुछ माह के अंदर रेलगाड़ियों से हथियारों की खेप मिलने से छपरा जीआरपी परेशान है।

डाउन पवन एक्सप्रेस से पिस्टल बरामद होना गंभीर विषय है। इस ट्रेन में स्कार्ट टीम नहीं होने के कारण जांच नहीं हो सकी। अब सतर्कता बरती जा रही है तथा सभी रेलगाड़ियों की जांच-पड़ताल करायी जा रही है।

 

जीआरपी का मुख्य काम स्टेशन की सुरक्षा-व्यवस्था सम्भालना है। ट्रेन में हथियार मिलने की जानकारी मिलने के बाद स्टेशन पर आने-जाने वाले संदिग्धों पर नजर रखी जा रही है।