सोमवार के दिन इन उपायों से भगवान शिव की पूजा करें

सप्‍ताह के सभी दिनों में सोमवार का दिन सर्वोत्‍तम माना जाता है। ऐसा इसलिए कि यह दिन ब्रह्मांड निकाया देवाधिदेव महादेव का दिन होता है।lord-shiva

मनुष्‍य यदि अपने जीवन में भगवान शिव को प्रसन्‍न कर ले तो उसके जीवन की समस्‍त समस्‍‍याएं छड़ भर में छूमंतर हो जाएंगी।

जहां तक शिव की पूजा अर्चना की बात करें तो सीधा सा जवाब है कि जिसने ब्रह्मांड के कल्‍याण के लिए अपने सारे सुख और सभी इच्‍छाएं कुर्बान कर दीं तो भला उसे कोई क्‍या अर्पण करेगा।

शिव के प्रति अपने मन और आत्‍मा में श्रद्धा रखना ही उनकी सबसे बड़ी पूजा है। लेकिन फिर भी सोमवार के दिन शास्‍त्रों में शिव जी की पूजा का विधान दिया गया है। आइए जानते हैं कि देवाधिदेव महादेव की किन उपायों से पूजा की जाए जिससे हमें अपने जीवन में आने वाली समस्‍याओं से छुटकारा मिल सके।

सोमवार के दिन शिवजी की विशेष पूजा करने से तथा पूजा के साथ साथ चन्द्र ग्रह के उपाय भी करने से धन संबधी परेशानिया और मानसिक तनाव कम हो जाता है ।

सबसे पहला उपाय ये है कि सोमवार के विशेष दिन शिवजी को दूध और जल से अभिषेक करे और बिल्व पत्र चढ़ाये । और चन्द्र ग्रह के लिए दूध और चावल का दान अवश्य करे । सोमवार के दिन महामृत्युंजय मात्र का अवश्य जप करे । जप कम से कम 108 बार करे । मंत्र का जप करने के लिए रुद्राक्ष की माला का उपयोग करे ।

इस दिन शिवजी के मंदिर जाए और वहा गरबी लोगो को अन्न दान करे । जरूरत मंद को धन दान करे । सोमवार के दिन सुहागिन स्त्री को सुहाग का सामान दान करे । सुहाग के सामन में लाल चुनरी, कुमकुम और लाल साडी का दान करे ।

अपने हाथ से सोमवार के सुबह खीर बना ले और रास्‍ते में जाते वक्त उस खीर को किसी अंगहीन व्यक्ति को दान कर दे । यह कार्य आप सात सोमवार तक करे।

अगर कोई कार्य में बार बार प्रयास करने पर भी आपको सफलता नही मिल रही हो तो एक उपाय करे किसी भी पूर्णिमा के दिन एक लाल चुनरी पर 3 लौंग 3 कपूर का दाना अच्छे से लपेटकर लक्ष्मी जी को चढा दे ।

 

भगवान शिव बहुत भोले हैं, यदि कोई भक्त सच्ची श्रद्धा से उन्हें सिर्फ एक लोटा पानी भी अर्पित करे तो भी वे प्रसन्न हो जाते हैं। इसीलिए उन्हें भोलेनाथ भी कहा जाता है। भगवान भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए कुछ छोटे और अचूक उपायों के बारे शिवपुराण में भी लिखा है।

ये उपाय इतने सरल हैं कि इन्हें बड़ी ही आसानी से किया जा सकता है। हर समस्या के समाधान के लिए शिवपुराण में एक अलग उपाय बताया गया है। ये उपाय इस प्रकार हैं-